page level


Thursday, July 19th, 2018 08:53 PM
Flash

हर दिन कहीं हत्या तो कहीं यौन शोषण का शिकार हो रहे हैं 290 बच्चे: रिपोर्ट




हर दिन कहीं हत्या तो कहीं यौन शोषण का शिकार हो रहे हैं 290 बच्चे: रिपोर्टSocial



आज पूरा देश बाल दिवस मना रहा है। लेकिन क्या हमारे देश का भविष्य यही बच्चे यहां सुरक्षित हैं। आए दिन कभी मर्डर, कभी यौन शोषण, तो कभी मारपीट जैसे मामला सामने आ रहे हैं। ऐसे में ये कहना शायद गलत है कि हमारे देश के बच्चे सुरक्षित हैं। हालात ये हैं कि भारत में हर रोज 290 बच्चे किसी न किसी तरह के अपराध का शिकार होते हैं। यह खुलासा एक मानवतावादी सहायता संगठन द्वारा कराए गए एक सर्वे में सामने आई है।


सर्वे के अनुसार भारत में हर दो बच्चों में से एक बच्चा यौन शोषण का शिकार है। यह सर्वे देश के 26 राज्यों में कराया गया था। जिसमें बताया गया है कि यौन उत्पीडऩ, हत्या या अपहरण के शिकार होने वालों में 12 साल से कम उम्र के बच्चों का शोषण ज्यादा हो रहा है। इनके साथ दुव्यर्वहार ज्यादा हो रहा है क्योंकि ये नासमझ हैं और ये इतनी जल्दी आवाज नहीं उठा पाते। इसलिए उनके साथ हो रहे दुव्यवहार का पता देर से चलता है ऐसे में जब तक आरोपी फरार हो जाता है।


हर साल चार गुना बढ़ रहा है अपराध-
रिपोर्ट के अनुसार बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराधों की संख्या हर दो साल में चसर गुना तेजी से बढ़ रही है। बावजदू इन अपराधों पर रोक नहीं लग पा रही है। बात अगर 2014 की करें तो 89,423 मामले सामने आए थे। 2015 में ये बढ़कर 94,172 हो गए और एक साल बाद ये संख्या बढ़कर 1,05,785 हो गई। वहीं 2014 और 2016 के बीच यौन अपराध अधिनियम में बच्चों के संरक्षण के तहत अपराधों के मामले 8904 से बढ़कर 35,980 हो गई है।

दिल्ली सबसे आगे-

रिपोर्ट के अनुसार यौन उत्पीडऩ के मामले में दिल्ली सबसे आगे है। पुलिस क्राइम रिकॉर्ड की मानें तो दिल्ली में हर रोज दो बच्चे यौन उत्पीडऩ की रिपोर्ट दर्ज कराते हैं। बच्चों के साथ हो रहे यौन उत्पीडऩ पर आवाज उठाने के लिए महिला आयोग पिछले आठ दिनों से सत्याग्रह कर रहा है। डीसीडब्ल्यू की अध्यक्ष स्वाती मलाली का कहना है कि हमारा मकसद है कि केंद्र और राज्य सरकार तय करें कि छह महीने के अंदर आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा सुनाई जाए।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी के लिए बच्चा एक बहुत ही आसान निशाना होते हैं। उनके साथ अपराध होने के बाद भी वे आरोपी को ठीक से पहचानने में कामयाब नहीं होते, ऐसे में आरोपी बचकर निकल जाता है। क्राइम एनालिसिस से पता चला है कि बच्चों के साथ अपराध करने से पहले आरोपी उनका विश्वास जीतने में सफल रहता है।

यह भी पढ़ें

साइबर अपराधियों के जाल में फंस रहे हैं बच्चे, जानिए क्या है वजह

Me Too इन 10 मशहूर हस्तियों पर लग चुके है यौन शोषण के आरोप

यौन शोषण पर बोलीं मल्लिका दुआ- मां कार चला रही थी और उसका हाथ…

यहाँ होता है नाबालिग लड़कों का समलैंगिक शोषण, पढ़ें आपबीती

Sponsored